ऐ शायरी – Ae Shayari in Hindi

Ae Shayari

ऐ शाएर! तेरा दर्द बड़ा ऐ शाएर! तेरी सोच बड़ी
ऐ शाएर! तेरे सीने में इस जैसा लाख बहे दरिया !

जुरअत अफ़ज़ा ए सवाल ऐ ज़हे अंदाज़ ए जवाब
आती जाती है अब इस बुत की नहीं हाँ के क़रीब !

ऐ दिल ए शिकवा संज क्या गुज़री
किस लिए होंट रह गए सिल के !

अल मदद ऐ जज़्बा ए ज़ौक़ ए मोहब्बत अल मदद
इश्क़ ने आवाज़ दी बे इख़्तियाराना मुझे !

इश्क़ की आग ऐ मआज़ अल्लाह
न कभी दब सकी दबाने से !

फ़रियाद ऐ तसव्वुर ए अबरू ए दिल फ़रेब
क़िब्ले की सम्त भूल गया हूँ नमाज़ में !

शुक्रिया ऐ गर्दिश ए जाम ए शराब
मैं भरी महफ़िल में तन्हा हो गया !

ऐ मुसहफ़ी उस्ताद ए फ़न ए रेख़्ता गोई
तुझ सा कोई आलम को मैं छाना नहीं मिलता !

तमाशा कि ऐ महव ए आईना दारी
तुझे किस तमन्ना से हम देखते हैं !

दिल ए मुज़्तर से पूछ ऐ रौनक़ ए बज़्म
मैं ख़ुद आया नहीं लाया गया हूँ !

नब्ज़ ए बीमार जो ऐ रश्क ए मसीहा देखी
आज क्या आप ने जाती हुई दुनिया देखी !

तेरी आशुफ़्ता मिज़ाजी ऐ दिल
क्या ख़बर कौन नगर ले जाए !

मुज़्दा बाद ऐ बादा ख़्वारो दौर ए वाइज़ हो चुका
मदरसे खोदे गए तामीर मय ख़ाना हुआ !

ऐ शब ए ग़म मिरे मुक़द्दर की
तेरे दामन में इक सहर होती !

सज्दा ए इश्क़ पे तन्क़ीद न कर ऐ वाइज़
देख माथे पे अभी चाँद नुमायाँ होगा !

ऐ मौज ए ख़ुश ख़िराम ज़रा तेज़ तेज़ चल
बनती है सत्ह ए आब किनारा कभी कभी !

इश्क़ के फंदे से बचिए ऐ हक़ीर ए ख़स्ता दिल
इस का है आग़ाज़ शीरीं और है अंजाम तल्ख़ !

ऐ शहर ए सितम ज़ाद तिरी उम्र बड़ी हो
कुछ और बता नक़्ल ए मकानी के अलावा !

अहद ए मीसाक़ का लाज़िम है अदब ऐ वाइज़
है ये पैमान ए वफ़ा रिश्ता ए ज़ुन्नार न तोड़ !

इंतिज़ाम ए रोज़ ए इशरत और कर ऐ ना मुराद
ईद आती ही रही माह ए सियाम आ ही गया !