Apni Shayari अपनी शायरी हिंदी में (2022-23)

Apni Shayari In Hindi | अपनी शायरी हिंदी में

Apni Shayari In Hindi (अपनी शायरी हिंदी में) सम्बंधित हर शायरी पोस्ट के अन्दर है.Apni Shayari In Hindi | अपनी शायरी हिंदी में  Apni Shayari In Hindi (अपनी शायरी हिंदी में) सम्बंधित हर शायरी पोस्ट के अन्दर है.

Apni Shayari
अपनी नजर से टूट कर अपनी नजर में गुम हुआ
वो बड़ा बा शुऊर था अपने ही घर में गुम हुआ

तलाश अपनी खुद अपने वजूद को खो कर
ये कार ए इश्क है इस में लगा तो मैं भी हूँ

गैर अपने हो गए शीरीं हो गर अपनी जबाँ
दोस्त हो जाते हैं दुश्मन तल्ख हो जिस की जबाँ

अपनी सूरत देखना हो अपने दिल में देखिए
दिल सा दुनिया में कोई भी आइना मिलता नहीं

मैं अपने वक्त में अपनी रिदा में रहता हूँ
और अपने ख्वाब की आब ओ हवा में रहता हूँ

बनाना पड़ता है अपने बदन को छत अपनी
और अपने साए को दीवार करना पड़ता है

आज तक अपनी जगह दिल में नहीं अपने हुई
यार के दिल में भला पूछो तो घर क्यूँ कर करें

उन के भी अपने ख्वाब थे अपनी जरूरतें
हम साए का मगर वो गला काटते रहे

सब की अपनी मंजिलें थीं सब के अपने रास्ते
एक आवारा फिरे हम दर ब दर सब से अलग

अपनी मर्जी से कहाँ अपने सफर के हम हैं
रुख हवाओं का जिधर का है उधर के हम हैं

रौशनी में अपनी शख्सियत पे जब भी सोचना
अपने कद को अपने साए से भी कम तर देखना

मैं दर ब दर हूँ अभी अपनी जुस्तुजू में बहुत
मैं अपने लहजे को अंदाज दे रहा हूँ अभी

अपने अपने हौसलों अपनी तलब की बात है
चुन लिया हम ने उन्हें सारा जहाँ रहने दिया

अपने काँधों पे लिए फिरता हूँ अपनी ही सलीब
खुद मिरी मौत का मातम है मिरे जीने में

मैं ने भी बच्चों को अपनी निस्बत से आजाद किया
वो भी अपने हाथों से इंसान बनाना भूल गया

तुम अपने रंग नहाओ मैं अपनी मौज उड़ूँ
वो बात भूल भी जाओ जो आनी जानी हुई

तुम अपने रंग नहाओ तुम अपनी मौज उड़ो
मगर हमारी वफा भी निगाह में रखना

तुम अगर अपनी गूँ के हो माशूक
अपने मतलब के यार हम भी हैं